पानी में डूब रहे व्यक्ति और हड्डी टूटने पर प्राथमिक उपचार
भारत में बड़ी संख्या में बच्चे डूबने से मर जाते हैं। यह स्विमिंग पूल, तालाबों, पानी के टैंकों, नहरों या नदियों में तब घटित होता है जब वे नहा रहे हों, तैर रहे हो या पार कर रहे हों। बहते पानी में डूबने से पीड़ित का दम घुट जाता है और वह मर जाता है।
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डूबने पर प्राथमिक उपचार
पानी में डूब रहे व्यक्ति का प्राथमिक उपचार कैसे करें?
डूब रहे व्यक्ति को बचाते समय निम्नलिखित प्राथमिक चिकित्सा उपाय किए जाने चाहिए:
- रोगी का मुंह साफ करें और गले से कीचड़, पानी या अन्य वस्तुएँ निकालें।
- उसे अधोमुखी (चेहरा नीचे, पीठ ऊपर) स्थिति में रखकर, पीठ पर दबाव डालें ताकि फेफड़ों व पेट से पानी बाहर निकल सके।
- हर 2 सेकेंड के अंतराल पर हवा को फेफड़ों में जाने दें।
- गीले कपड़े हटाकर सूखे कपड़े पहनाएं।
- जैसे ही पीड़ित कुछ निगल सके, उसे गर्म चाय या कॉफी दें।
- अगर सांस नहीं आ रही है और सहायता नहीं मिल पा रही है, तो तुरंत अस्पताल पहुँचाने की व्यवस्था करें।
हड्डी टूटने पर प्राथमिक उपचार
हड्डी के विस्थापन और फ्रैक्चर की जानकारी
विस्थापन ऊँची कूद, वाटर पोलो, तैराकी या फेंकने वाली खेल गतिविधियों में आम समस्या है। यह तब भी हो सकता है जब खिलाड़ी बाजू या कंधे के बल गिर जाए। कई बार यह फ्रैक्चर और विस्थापन एक साथ होते हैं, जिनमें अंतर करना कठिन होता है।
फ्रैक्चर (हड्डी टूटने) के प्रकार
- साधारण या बंद: जब हड्डी टूटे लेकिन त्वचा पर कोई घाव न हो।
- संयोजित या निवृत: जब टूटी हड्डी त्वचा के बाहर आ जाए।
- अस्थि भंग विखंडन: जब आंतरिक अंगों जैसे मस्तिष्क, रीढ़, फेफड़े आदि को नुकसान पहुंचे।
- संचारित: जब हड्डी के कई टुकड़े हो जाएँ।
- संघटन: जब टूटी हड्डियाँ एक-दूसरे में धँसी हो।
- ग्रीन स्टिक: बच्चों में पाया जाने वाला प्रकार जिसमें हड्डी पूरी तरह नहीं टूटती।
- अवनत: जब खोपड़ी की हड्डी भीतर की ओर दब जाए।
विस्थापन या फ्रैक्चर होने पर प्राथमिक उपचार
- प्रभावित जोड़ को स्थिर करने के लिए पट्टी या स्प्लिंट का उपयोग करें।
- उसे तुरंत एक्स-रे के लिए अस्पताल भेजें।
फ्रैक्चर या विस्थापन के समय विशेष सावधानियाँ
- विस्थापित हड्डी को जबरदस्ती सही स्थिति में लाने की कोशिश न करें।
- इससे नस, धमनी या नाड़ी को नुकसान पहुँच सकता है।
- केवल प्रशिक्षित चिकित्सा कर्मी ही विस्थापन को सही कर सकते हैं।
निष्कर्ष
चाहे वह पानी में डूबना हो या हड्डी का टूटना, ऐसे आपातकालीन समय में सही और शीघ्र प्राथमिक उपचार जीवन को बचा सकता है। स्कूलों, कॉलेजों और खेल संस्थानों में प्राथमिक चिकित्सा की शिक्षा देना अत्यंत आवश्यक है।
